GST पोर्टल पर सप्लायर का रिटर्न स्टेटस कैसे चेक करें? जाने पूरा तरीका

क्या आप जानते हैं कि अगर आपका सप्लायर अपनी जीएसटी रिटर्न समय पर फाइल नहीं करता है, तो आप अपना Input Tax Credit (ITC) खो सकते हैं? और आगे आपके बिजनेस का अमाउंट स्टॉक हो जाएगा।

जीएसटी नियमों के अनुसार, आप सिर्फ उसी इनवॉइस पर आईटीसी का दावा कर सकते हैं जिसे आपके सप्लायर ने पोर्टल पर अपलोड किया हो और अपनी रिटर्न फाइल की हो।

इसीलिए किसी भी वेंडर को पेमेंट करने से पहले उसका Return Filing Status चेक करना बहुत जरूरी है, आज इसी पोस्ट में हम इसका सबसे आसान तरीका बताएंगे इसीलिए आप इस पोस्ट को लास्ट तक पढ़े।

स्टेप 1: GST पोर्टल पर जाएं

सबसे पहले जीएसटी के ऑफिशियल वेबसाइट www.gst.gov.in पर जाना है, इसके लिए आपको लॉगिन करने की भीं ज़रूरत नहीं है, आप बिना लॉगिन किए भी किसी भी वेंडर का रिटर्न स्टेटस चेक कर सकते हैं।

स्टेप 2: ‘Search Taxpayer’ ऑप्शन चुनें

होमपेज पर मेनू बार में आपको ‘Search Taxpayer‘ का टैब दिखेगा, अब उस पर क्लिक करें और फिर ‘Search by GSTIN/UIN‘ वाले ऑप्शन को क्लिक करें।

अगर आप मोबाइल से ट्राई कर रहे है तो, डायना साइड के ऊपर में तीन लाइन दिखेगा उसमें क्लिक करने के बाद आपको सेम ऑप्शन दिखेगा, वहां पर क्लिक करें।

स्टेप 3: सप्लायर का जीएसटी नंबर डालें

अब वहां पर सप्लायर का GSTIN (Goods and Services Tax Identification Number) लिखें जिसका स्टेटस आपको चेक करना चाहते हैं,  कैप्चा कोड आए तो भरें और ‘Search‘ बटन पर क्लिक करें।

स्टेप 4: सप्लायर की डिटेल्स देखें

अब ​सर्च करते ही आपके सामने उस सप्लायर की पूरी जानकारी आ जाएगी जैसे:

आप अगर सिर्फ सीखने के लिए ट्राई कर रहे है, तो आपके पास कोई भी बिल है उस बिल पर देखिए एक जीएसटी नंबर रहेगा वह डालें, ऑनलाइन शॉपिंग के हर बिल पर या ट्रेन टिकट पर GSTIN लिखा रहता है।

स्टेप 5: ‘Show Filing Table’ पर क्लिक करें

अब पेज के नीचे की तरफ आपको ‘Show Filing Table‘ का एक बटन दिखाई देगा, उस पर क्लिक करें, यहाँ आपको साल चूस करना है और ‘Search‘ करना है।

तब आपको एक टेबल दिखेगी जिसमें चलने वाला फाइनेंसियल ईयर में सप्लायर द्वारा फाइल की गई सभी रिटर्न्स (GSTR-1 और GSTR-3B) की जानकारी दिखाई देगी।

स्टेटस चेक करते समय कुछ चीजों का ध्यान रखें

GSTR-1 vs GSTR-3B: यदि सप्लायर ने GSTR-1 फाइल कर दिया है लेकिन GSTR-3B नहीं जमा किया है, तब भी आपका आईटीसी खतरे में पड़ सकता है, इसीलिए देखें कि दोनों फाइल हों।

Date of Filing: यहाँ आप यह भी देख सकते हैं कि सप्लायर ने रिटर्न समय सीमा पर भरी है या देरी से।

GSTR-2B मिलान: अपने सप्लायर के स्टेटस को हमेशा अपने GSTR-2B से मिलाएँ, अगर सप्लायर ने रिटर्न फाइल कर दी है, तो वह आपके GSTR-2B में 14 तारीख को दिखने लगेगा।

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सप्लायर ने रिटर्न फाइल नहीं की तो क्या करें?

अगर स्टेटस में रिटर्न ‘Not Filed‘ दिख रहा है, तो जल्दी अपने सप्लायर से संपर्क करें, उनसे कहें कि जब तक वे रिटर्न फाइल नहीं करते और वह आपके पोर्टल पर शो नहीं होता, तब तक आप उनका पेमेंट होल्ड कर सकते हैं, यह आप अपने बात चित के ऊपर है।

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कुछ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

Q1. क्या बिना लॉगिन किए किसी का जीएसटी स्टेटस चेक किया जा सकता है?

जी हाँ आप जीएसटी पोर्टल पर बिना लॉगिन किए भी ‘Search Taxpayer‘ ऑप्शन का इस्तेमाल करके किसी भी बिजनेस का रजिस्ट्रेशन और रिटर्न फाइलिंग स्टेटस चेक कर सकते हैं।

​Q2. अगर सप्लायर ने GSTR-1 भर दिया है लेकिन GSTR-3B नहीं, तो क्या मुझे आईटीसी मिलेगा?

जीएसटी के नए नियमों के अनुसार, अब सिर्फ GSTR-1 भरना काफी नहीं है, अगर सप्लायर ने अपना टैक्स (GSTR-3B) से जमा नहीं किया है, तो विभाग भविष्य में आपके द्वारा लिए गए आईटीसी को वापस ले सकता है या उसे ब्लॉक कर सकता है।

Q3. स्टेटस में ‘Show Filing Table’ में स्टेटस ‘Filed’ लिखा है, लेकिन मेरे GSTR-2B में बिल क्यों नहीं आया?

देखिए इसके दो कारण हो सकते हैं या तो सप्लायर ने आपका गलत जीएसटी नंबर डाल दिया है, या फिर उसने महीने की 11 तारीख (रिटर्न फाइलिंग डेट) के बाद अपने रिटर्न फाइल की है, ऐसी करने से वह बिल अगले महीने के GSTR-2B में दिखाई देगा।

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Q4. क्या मैं किसी भी कंपनी का जीएसटी स्टेटस चेक कर सकता हूँ?

जी हाँ अगर आपके पास उस कंपनी का 15 अंकों का GST नंबर (GSTIN) है, तो आप मेरी तरह किसी का फाइलिंग हिस्ट्री चेक कर सकते हैं।

​Q5. सप्लायर का स्टेटस ‘Cancelled’ दिख रहा है, तो क्या करना चाहिए?

अगर जीएसटी रजिस्ट्रेशन ‘Cancelled’ है या दिखा रहा है, तो आप उस सप्लायर से कोई भी सामान न खरीदें और न ही पेमेंट करें, क्योंकि ऐसी स्थिति में आपको कोई भी इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) नहीं मिलेगा।

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निष्कर्ष: सप्लायर के रिटर्न स्टेटस के बारे में

आपको हमेशा अपने वेंडर्स का जीएसटी रिटर्न स्टेटस चेक करना है ताकि आपके बिजनेस के लेन देन सही बना रहे, और समय पर सभी रिटर्न होने पर आपको पेनल्टी से बचाता है।

कुल मिलाकर बात यह है कि जीएसटी में जिन सप्लायर का रिटर्न स्टेटस अच्छा है उनसे सामान खरीदना हमेशा सेफ माना जाता है, और आगे से आप भी यही फॉलो करें।

में उम्मीद करता हूं की आपको जीएसटी पोर्टल पर सप्लायर का रिटर्न स्टेटस चेक करने के सभी तरीका को समझ गए होंगे, अपने दोस्त और सोशल मीडिया पर इस पोस्ट को शेयर कर उनको भी जानकारी लेने में मदद कीजिए।

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